मिर्गी के घरेलु उपचार - Herbal Home Remedies For Epilepsy.


मिर्गी (Epilepsy ) एक मानसिक बीमारी में आने वाले रोगों में आते है। मिर्गी रोग की उत्पति मस्तिक में तंत्रिका कोशिका के कार्यविधि में रुकावट होने से उत्पन होते है। मिर्गी में रोगी कभी बेहोश हो जाते है तो कभी कुछ बिचित्र बर्ताव करने लगते है। मिर्गी के रोग का कारण अधिक शराब का सेवन करने से मस्तिक में गलत प्रभाव पड़ने से भी हो सकता है या कभी माँ के पेट में ही रहने पर किसी तरह के चोट लगने के कारण भी बच्चे मिर्गी का शिकार हो सकते है। मिर्गी के शिकार  किसी उम्र   भी के व्यक्ति हो सकते है। मिर्गी से ग्रसित रोगी को जब मिर्गी के दौरे आते है तब वह व्यक्ति असंतुलित हो जाते है।

मिर्गी के लक्षण Mirgi (Epilepsy ) ke Lakshan :-

  • किसी व्यक्ति को  चक्र आना भी मिर्गी के ही लक्षण हो सकते है लेकिन इसमें कोई घबराने की बात नहीं है। 
  • कभी -कभी किसी व्यक्ति का  पुरा  शरीर में कापने  लगे तो ये मिर्गी के ही लक्षण हो सकते है। 
  • कभी -कभी कोई व्यक्ति काम करते -करते अचनाक शांत हो जाये तो यह मिर्गी के लक्षण हो सकते है। 
  • मिर्गी के रोगी कभी -कभी एक ही काम को बार -बार करने लगते है जो मिर्गी के ही लक्षण होते है। 
  • मिर्गी के दौरे आने पर कभी -कभी रोगी बेहोश तक हो जाना मिर्गी के रोग सबसे जटिल होना माना जाता है। 
  • मिर्गी के दौरे आने के समय दिल की धड़कन बढ़ जाती है तथा पसीना भी आने लगते है। 

मिर्गी के कारण Mirgi (Epilepsy ) Ke Karan :- 

  • मिर्गी के रोग किसी भी उम्र में सिर में चोट लगने के कारण मस्तिक के नस के संचालन में रुकावट से उत्पन हो सकते है। 
  • कभी -कभी बच्चे के जन्म के पहले माँ के पेट में गर्भ के दौरान चोट लगने के कारण उस बच्चे को मिर्गी के रोग हो सकते है। 
  • कभी -कभी अधिक तनाव के कारण भी कोई व्यक्ति मिर्गी के शिकार हो सकते है। 
  • मिर्गी रोग की उत्पति अधिक मात्रा में शराब पीने से भी हो सकते है। 
  • यदि कभी किसी व्यक्ति को किसी तरह के मस्तिक रोग पूर्ब हुए हो तो उसको मिर्गी हो सकते है। 

मिर्गी के घरेलु उपचार Herbal Home Remedies For Epilepsy :-  

1.  तुलसी से मिर्गी के घरेलु उपचार :-
  • मिर्गी के रोगी के लिए तुलसी काफी उपयोगी दवा होते है। मिर्गी के रोगी यदि नियमित सुबह उठकर 15 -20 तुलसी के पत्ते सेवन करते रहे तो मिर्गी को काफी हद तक ठीक होते देखा गया है। 
  • इसके अलावे जब किसी को मिर्गी का दौरा अचानक आ जाये तो तुलसी के रस व सेंधानमक का मिश्रण बनाकर नाक में देने से मिर्गी के दौरा से राहत पाया जा सकता है। 
  • मिर्गी के रोगी को तुलसी के पत्ते को पीसकर पुरे शरीर पर लेप लगाने से मिर्गी के रोग से छुटकारा पाया जा सकता है। 


2.  प्याज से मिर्गी के घरेलु उपचार :-

  • प्याज मिर्गी के रोगी के लिए काफी उपयोगी दवा होते है। प्याज का रस को पानी में मिलाकर नियमित पीते रहने से मिर्गी के दौरे को काफी हद तक ठीक किया जा जा सकता है। 
  • इसके अलावे प्याज के रस को मिर्गी के दौरे से बेहोश रोगी को सुंघाने से मिर्गी के रोगी को होश आ जाता है। 


3.  अंगूर से मिर्गी के घरेलु उपचार :-
  • मिर्गी के रोगी में अंगूर काफी असरदार औषधि माने जाते है। अंगूर को जूसर में डालकर उसका रस निकालकर उस रस का सेवन नियमित करते रहने से मिर्गी के दौरे से निजाद पाया जा सकता है। 


4.  लहसुन से मिर्गी के घरेलु उपचार :-
  • लहसुन के उपयोग से कठिन -से कठिन रोग को ठीक किया जाता है तथा भयंकर से भयंकर दर्द के उपचार में भी लहसुन रामबाण औषधि होते है। यदि कोई व्यक्ति मिर्गी के दौरे से बेहोश हो जाता है तो लहसुन के कलियों को कूटकर मिर्गी से बेहोश रोगी के नाक के पास रखने से जल्दी ही होश आ जाता है। 
  • इसके अलावे लहसुन के कलियों को दुध में उबालकर फिर उस लहसुन दुध को छानकर रोजाना लगातार पीते रहने से मिर्गी जैसे रोग से निजाद पाया जा सकता है। 


5.  मेंहदी के पत्ते से मिर्गी के घरेलु उपचार :-
  • मेंहदी के पत्ते मिर्गी से ग्रसित रोगी के लिए काफी उपयोगी औषधि होते है। मेंहदी के कच्चे पत्ते का रस निकाल ले तथा उस मेंहदी के रस को करीब 50 ग्राम के मात्रा को एक गिलास बकरी के दुध में मिलाकर उसका मिश्रण बनाकर रोजाना पीते रहने से मिर्गी के दौरे से निजाद पाया जा सकता है। 


6.  करौंदे के पत्ते से मिर्गी के घरेलु उपचार :-
  • करौंदे के पत्ते से भी मिर्गी का कारगर इलाज किया जा सकता है। करौंदे के पत्ते को पीसकर छाछ के साथ मिलाकर उसका मिश्रण बनाकर नियमित रूप से सेवन करते रहने से मिर्गी के दौरे से निजाद पाया जा सकता है। 


7.  अनार के पत्ते से मिर्गी के घरेलु उपचार :-
  • अनार के पत्ते से मिर्गी के दौरे का उपचार किया जा सकता है। अनार के पत्ते को शुद्ध पानी में डालकर कम तापमान उबालते रहे जबतक कि पानी एक चौथाई न हो जाये फिर उस अनार मिश्रित पानी के साथ शुद्ध घी व चीनी मिलाकर रोजाना एक से दो बार सेवन करते रहे तो मिर्गी के दौरे से छुटकारा पाया जा सकता है। 


8.  योग से मिर्गी के घरेलु उपचार :-
  • मिर्गी के दौरे को जड़ से हटाने के लिए आप योग का भी सहारा ले सकते है। मिर्गी से पीड़ित रोगी को अनुलोम -विलोम प्राणियम करना चाहिए। इसके साथ -साथ ताड़ासन ,नटराजासन ,मूल -बंद आसन ,हलासन,सर्बगासन जैसे योग का अभ्यास रोजाना करते रहने से मिर्गी जैसे रोग से छुटकारा पाया जा सकता है। 


मिर्गी कोई गंभीर बीमारी में नहीं आते है। मिर्गी से ग्रसित रोगी का उपचार घरेलु नुस्खे से बड़ी आसानी से किया जा सकता है तथा काफी हद तक घरेलु उपचार से मिर्गी के दौरे को ठीक होते देखा गया है। फिर भी यदि मिर्गी के दौरे लगातार आ रहे हो तो हो सकता है कोई चिंता का विषय हो सकता है। यदि आपको लगातार मिर्गी के दौरे आ रहे हो और रोगी बेहोश हो जाते हो तो जल्द ही किसी चिकिसक से संपर्क करें।  
मिर्गी के घरेलु उपचार - Herbal Home Remedies For Epilepsy. मिर्गी के घरेलु उपचार - Herbal Home Remedies For Epilepsy. Reviewed by Hindi Doctor on मार्च 01, 2018 Rating: 5
Blogger द्वारा संचालित.